वरिष्ठ पत्रकार.अमृतसर/चंडीगढ़।
तख्त श्री दमदमा साहिब के जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने पद से त्यागपत्र दे दिया है। इसके लिए पूर्व अकाली नेता विरसा सिंह वल्टोहा को जिम्मेदार ठहराया है। ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने अपना त्याग पत्र एसजीपीसी को भेज दिया है। एसजीपीसी प्रधान हरजिंदर सिंह धामी के ओएसडी सतबीर सिंह धामी ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि प्रधान साहिब को मीडिया के माध्यम से त्यागपत्र दिए जाने की जानकारी हासिल हुई है। उन्होंने इस्तीफा अभी तक पढ़ा व देखा नहीं है।
जत्थेदार हरप्रीत सिंह ने सोशल मीडिया पर डाले वीडियो में केंद्र व पंजाब सरकार से भी उन्हें प्रदान की गई जेड सुरक्षा वापस लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि अब उनके पास कोई पद न होने के चलते उन्हें इस सुरक्षा की कोई जरूरत नहीं है। वह तो अपने छोटे से घर में रहने के इच्छुक हैं। ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने वल्टोहा द्वारा दी जा रही धमकियों को लेकर एसजीपीसी की चुप्पी पर भी रोष जताया है। उन्होंने खुलासा किया कि सिंह साहिबानों के आदेशों के तहत वल्टोहा द्वारा खुद अकाली दल की हाईकमान को दिए त्यागपत्र के बावजूद अकाली दल का सोशल मीडिया विंग वल्टोहा का समर्थन करते हुए वल्टोहा की ओर से दिए गए बयानों को अभी भी जारी कर रहा है।

