वरिष्ठ पत्रकार.चंडीगढ़।
अब पंजाब में बच्चों के भीख मांगने पर सरकार अभिभावकों को अनफिट घोषित करेगी। जीवनज्योति-2 प्रोजेक्ट के तहत राज्य सरकार ने मात्र 2 दिन में राज्य में 18 जगहों पर छापे मारकर 41 बच्चों को बचाया है। इस बात की पुष्टि महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने की।
उन्होंने बताया कि राज्य में सरकार ने सितंबर 2024 में जीवनज्योति मिशन की शुरुआत की थी। इसके लिए एक समर्पित बचाव दलों ने राज्य भर में भीख मांगते पाए गए बच्चों की पहचान करने और उन्हें बचाने के लिए जिलास्तरीय समितियां बनाई थीं। 9 महीने में विभिन्न जिलों में 753 बचाव अभियानों (छापों) से 367 बच्चों को बचाया गया। इनमें से 350 बच्चों को उनके परिवारों से मिलवाया गया। 17 बच्चे जिनके माता-पिता की पहचान नहीं हो सकी, उनको बाल गृहों में रखा गया। बचाए गए 150 बच्चे दूसरे राज्यों के थे और उन्हें सुरक्षित उनके परिवारों के पास वापस भेज दिया गया।
वहीं 183 बच्चों को स्कूलों में दाखिला दिलाया गया और 6 साल से कम उम्र के 13 बच्चों को प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल के लिए आंगनबाड़ी केंद्रों में दाखिल करवाया गया। अत्यंत गरीब परिवारों के 30 बच्चों को प्रायोजन योजना में नामांकित किया गया जिन्हें उनकी शिक्षा निर्बाध रूप से जारी रखने के लिए 4 हजार प्रति माह दिए जा रहे हैं। 16 बच्चों को राज्य की पेंशन योजना के तहत लाया गया, जिन्हें 1,500 प्रति माह दिए जा रहे हैं।

