WORLD…आखिर, रूस ने यूक्रेन के बातचीत प्रस्ताव को क्यों ठुकराया…इसके पीछे क्या रही वो असल वजह…जानेंगे, इस डिटेल रिपोर्ट में…?

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रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने शुक्रवार को यूक्रेनी समकक्ष वोलोदिमिर जेलेंस्की के मुलाकात के प्रस्ताव को ठुकरा दिया। अपने गृह नगर सेंट पीटर्सबर्ग में आयोजित अंतरराष्ट्रीय आर्थिक मंच को संबोधित करते हुए पुतिन ने जेलेंस्की के उस खुले पत्र को ‘असभ्य’ बताया, जिसमें उन्होंने दोनों नेताओं की मुलाकात का प्रस्ताव दिया था।

ऐसी मुलाकात में कोई फायदा नजर नहीं आता

पुतिन ने कहा, क्या यह व्यक्तिगत मुलाकातों और बातचीत के लिए परिस्थितियां बनाने का तरीका है या ऐसा माहौल तैयार करने का तरीका है जिसमें किसी भी व्यक्तिगत मुलाकात को असंभव बना दिया जाए? उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि यह दूसरा मामला है। पुतिन ने यह भी कहा कि उन्हें ऐसी मुलाकात में कोई फायदा नजर नहीं आता। पत्रकारों से बातचीत में पुतिन ने यह भी कहा कि रूस उन प्रस्तावों के आधार पर समझौते के लिए तैयार है, जिन पर ट्रंप के साथ अलास्का के एंकोरेज में हुई बैठक में चर्चा की गई थी। उन्होंने कहा कि रूस उन ‘समझौतों’ को मानने को तैयार है। लेकिन यूक्रेन को भी इन्हें स्वीकार करना होगा, तभी संघर्ष जल्दी खत्म हो सकता है।

रूसी सेना ने हाल ही में करीब 2440 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र पर नियंत्रण कर लिया

पुतिन ने यह भी दावा किया कि रूसी सेना ने हाल ही में करीब 2440 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र पर नियंत्रण कर लिया है और कई मोर्चों पर आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि लुहांस्क क्षेत्र करीब पूरी तरह रूस के नियंत्रण में है, डोनेत्स्क का 85 फीसदी और जापोरिज्जिया का करीब 80 फीसदी हिस्सा भी रूस के कब्जे में है। उन्होंने कहा कि यूक्रेन चाहता है कि रूस अपनी सैन्य कार्रवाई रोक दे। लेकिन बेहतर होगा कि युद्ध को पूरी तरह खत्म करने के लिए आपसी समझौता किया जाए। पुतिन के अनुसार रूसी सेना हर मोर्चे पर आगे बढ़ रही है।

शांति तभी संभव है जब दोनों देश सीधे बातचीत करें

इससे पहले जेलेंस्की ने पुतिन को एक खुला पत्र लिखा था। जेलेंस्की ने दोनों नेताओं के बीच सीधी बैठक की अपील की थी, ताकि युद्ध को शांतिपूर्ण तरीके से खत्म किया जा सके। जेलेंस्की ने कहा था, शांति तभी संभव है जब दोनों देश सीधे बातचीत करें। उन्होंने पूर्ण युद्धविराम की भी अपील की थी। क्रेमलिन ने इसकी पुष्टि की थी कि उसे यह पत्र मिला है।###RUSSIA###UKRAINE###USA###RUSSIA-UKRAINE-NEWS###VIETNAM###IRELAND###SWEDEN###CHINA###GERMANY###INDIA###ITLAY###FRANCE###CANADA###@

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