ARTICLE…फोर्टिस अस्पताल की कैंटीन का बासा समौसा-एक्सपायरी टमैटो कैचअप बना चर्चा का विषय

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यू तो देश के निजी अस्पतालों में फोर्टिस अस्पताल प्रख्यात सूची में शुमार करता है, लेकिन, इन दिनों अमृतसर फोर्टिस अस्पताल की कैंटीन का बासा-समौसा-एक्सपायरी टमैटो कैचअप सोशल मीडिया में खूब सुर्खियां बुटोर रहा हैं। पता चला है कि एक मरीज के तीमारदार ने इसकी तस्वीरें खींच कर सोशल मीडिया में वायरल की हैं।

खैर, तस्वीरों के वायरल होने से अस्पताल की छवि पर भी सवाल खड़ा होना एक प्रकार से लाजिमी बन जाता है। मगर हैरान करने वाली बात यहां पर यह है कि अब तक स्वास्थ्य विभाग क्यों नहीं जागा है, या फिर हाथ डालने में डर रहा है। क्योंकि, पते की बात तो यह है कि यहां पर सरकारी अमला भी हाथ डालने से पहले सौ बार सोचता है। ऐसा अफवाहों का बाजार गर्म है। 

ऐसा नहीं है कि फोर्टिस अस्पताल के खिलाफ पहली बार कोई शिकायत सामने आई है। पिछले समय विश्व प्रसिद्व बाडी बिल्डर दिवंगत के ईलाज में लापरवाही का मामला सामने आया था। तब उनकी मौत का जिम्मेदार भी चिकित्सकों की टीम को ठहराया गया। बात प्रदेशीय सरकार की कान में गूंजी तो एक जांच समिति का गठन किया। जांच में चिकित्सकों के खिलाफ आरोप साबित हुए तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी हुई। लेकिन, सोचने वाली बात तो यह है कि अब इस मामले को ठंडा कर दिया गया। अफवाह का बाजार गर्म है कि इस मामले में फोर्टिस अस्पताल के प्रबंधन ने अपनी साख बचाने के लिए ऊपर से नीचे तक पैसों को पानी की तरह बहा दिया । हर किसी की जुबानी की कीमत लगाकर उन्हें हमेशा के लिए इस मुद्दे पर चुप करवा दिया गया। 

चर्चा का बाजार गर्म है कि इस कैंटीन का संचालक मौजूदा सरकार का बेहद करीबी हैं, इसलिए , उसकी घटिया गुणवत्ता के खिलाफ उंगली खड़े करने में किसी में इतना दम नहीं है। सूत्रों से पता चला है कि पिछले समय कैंटीन संचालक के खिलाफ किसी ने स्वास्थ्य विभाग को लिखित शिकायत भेजी थी। लेकिन, उस शिकायत पर अमल करने से पहले ही विभाग ने हाथ जोड़कर इस कापी को गोलमोल करना ही बेहतर समझा। ऐसे में एक बात साफ साबित हो जाती है कि लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ करने में स्वास्थ्य विभाग भी इन मिलवाटखोरों का पूरा सहयोग देता है। पते की बात है कि इन्हें हर सप्ताह मुंह बंद रखने के लिए रिश्वत का पैसा पहुंच जाता है। खैर, इसके लिए भगवंत मान सरकार को भी सोचने के लिए मजबूर होना चाहिए कि उनकी पीठ के पीछे स्वास्थ्य विभाग के बाबू क्या-क्या गुण खिला रहे हैं। नहीं तो जनता ने आपको 2027 में इसका जवाब मत देकर दे ही देना हैं।###USA###UK###CANADA###FORTIES-HOSPITAL-CANTEEN-ARTICLE###CHINA###IRELAND###SWEDEN###VIETNAM###AUSTRALIA###NEWZEALAND###GERMANY###INDIA###@

 विनय कोछड़…..प्रधान संपादक एसएनई न्यूज। 

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