वरिष्ठ पत्रकार.चंडीगढ़।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को सेना, अर्धसैनिक बलों और खुफिया एजेंसियों को निर्देश दिया कि वे कश्मीर घाटी में आतंकवाद के खिलाफ मिली सफलताओं को जम्मू क्षेत्र में भी मिशन मोड और समन्वित तरीके से काम करके दोहराएं। गृह मंत्री ने स्थानीय खुफिया नेटवर्क को मजबूत करने, आतंकवादियों द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली सुरंगों का पता लगाने और ड्रोन घुसपैठ से निपटने के लिए आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल करने पर जोर दिया।
पिछले सप्ताह हुए चार आतंकी हमलों के मद्देनजर जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा स्थिति और आगामी अमरनाथ यात्रा की तैयारियों की समीक्षा के लिए रविवार को नॉर्थ ब्लॉक में शाह की अध्यक्षता में हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में ये निर्देश दिए गए। 5 घंटे चली बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे, सेना प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल उपेंद्र द्विवेदी, केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला, खुफिया ब्यूरो (आईबी) के निदेशक तपन डेका, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के महानिदेशक अनीश दयाल सिंह, सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के महानिदेशक नितिन अग्रवाल, जम्मू-कश्मीर पुलिस प्रमुख आर आर स्वैन और अन्य शीर्ष सुरक्षा अधिकारी शामिल हुए।

