वरिष्ठ पत्रकार.चंडीगढ़।
गायिका व अभिनेत्री शहनाज गिल को राहत देते हुए हाईकोर्ट ने उनके और एक म्यूजिक कंपनी के बीच हुए अनुबंध को अवैध करार देते हुए खारिज कर दिया। अपने आदेश में स्पष्ट कर दिया कि अनुबंध की स्वतंत्रता पक्षों के बीच समानता पर आधारित होनी चाहिए। कहा कि समझौता संघर्ष के दिनों में जल्दबाजी में किया गया था, किसी एक कंपनी के लिए गायक को गाने के लिए बाध्य नहीं कर सकते।
हाईकोर्ट ने शहनाज के खिलाफ दायर याचिका को खारिज करते हुए कहा कि प्रतिवादियों की लंबी चुप्पी से प्रथम दृष्टया यह साबित होता है कि उन्होंने समझौते को रद्द मान लिया था। ऐसे में यह समझौता रद्द किए जाने योग्य मानते हुए हाईकोर्ट ने गिल के खिलाफ कंपनी की याचिका को खारिज कर दिया।
बिग बॉस में जाने से पहले हुआ था कांट्रैक्ट
बिग बॉस में शामिल होने से ठीक 2 दिन पहले याची ने गिल से अनुरोध किया था कि वह गिल से भविष्य के काम को लेकर कांट्रैक्ट करना चाहते हैं। गिल के अनुसार बार-बार अनुरोध करने पर उन्होंने जल्दबाजी में उस कांट्रैक्ट पर साइन किए और बिग बॉस हाउस के लिए रवाना हो गईं। बिग बॉस के घर से बाहर आने के बाद उनके पास काम के कई प्रस्ताव आए, लेकिन सिमरन म्यूजिक कंपनी प्रस्ताव देने वालों को ई मेल करने लगी कि शहनाज गिल का उनके साथ अनुबंध है और उनकी इजाजत के बिना शहनाज किसी अन्य कंपनी के साथ काम नहीं कर सकती।
शहनाज ने कंपनी को भेजा कानूनी नोटिस
गिल ने कंपनी को 25 दिसंबर, 2020 को एक कानूनी नोटिस भेजा। इसमें बताया गया कि समझौता गलत बयानी का परिणाम था और इसे लागू नहीं किया जा सकता। गिल ने कहा कि उसने इस समझौते को रद्द कर दिया है और वह किसी भी तरह से उससे बंधी नहीं हैं। इसके बाद कंपनी ने कोई जवाब नहीं दिया और गिल को लगा कि विवाद सुलझ गया है।

