वरिष्ठ पत्रकार.चंडीगढ़।
संगीत जगत से बहुत दुखदायक खबर सामने आई। सुरों के ताज राजवीर जवंदा का इलाज दौरान निधन हो गया। उनका पिछले दिनों से मोहाली के फोर्टिस अस्पताल में इलाज चल रहा था। उनकी हालत काफी चिंताजनक चल रही थी। सड़क दुर्घटना में उनकी हालत काफी गंभीर बताई जा रही थी। वह एडवांस लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर थे। बता दें कि 27 सितंबर को पंजाबी सिंगर जवंदा का पंचकूला के पिंजौर में बीएमडब्ल्यू बाइक से एक्सीडेंट हुआ था।

..जानिए, कैसे गई सिंगर की जान
पिंजौर-नालागढ़ रोड पर सेक्टर-30 टी पॉइंट के पास बाइक से आ रहे पंजाबी सिंगर राजवीर जवंदा सांडों की लड़ाई की वजह से हादसे का शिकार हो गए थे। सिंगर बद्दी से पिंजौर आ रहे थे। अचानक सांड आगे आने पर उनकी बाइक अनियंत्रित हुई और हाईवे पर गिर गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में राजवीर जवंदा को सिर और रीढ़ की हड्डी में गंभीर चोटें आई थीं। एक्सीडेंट के बाद से ही राजवीर लाइफ सपोर्ट पर थे।

दुआओं के दौर के बावजूद नहीं बच पाई जान
राजवीर जवंदा के लुधियाना स्थित पैतृक गांव पौना और आसपास के इलाकों में दुआओं का दौर जारी था। गांव के लोग गुरुद्वारा साहिब में अखंड पाठ और अरदास कर उनकी सलामती की अरदास कर रहे थे। राजवीर जवंदा की मां परमजीत कौर गांव की सरपंच रह चुकी हैं। बचपन में ही दूरदर्शन की शूटिंग के दौरान उनकी गायकी की तारीफ हुई और वहां से उनका संगीत के प्रति झुकाव शुरू हुआ। जगरांव से पढ़ाई पूरी कर उन्होंने पंजाबी यूनिवर्सिटी, पटियाला से थिएटर एवं टेलीविजन में एमए किया।
वर्ष 2014 में करियर की शुरुआत की
2014 में मुंडा लाइक मी एल्बम से राजवीर ने अपने करियर की शुरुआत की और 2016 में कली जवंदे दी से उन्हें पहचान मिली। 2017 में मुकाबला और कंगणी जैसे गाने हिट हुए। इसके बाद पटियाला शाही पग, केसरी झंडे, लैंडलॉर्ड, सरनेम समेत कई सुपरहिट गाने दिए। 2018 में पंजाबी फिल्म सूबेदार जोगिंदर सिंह से उन्होंने एक्टिंग डेब्यू किया और काका जी, जींद जान, मींदो तहसीलदारनी, सिकंदर 2 जैसी फिल्मों में अभिनय किया।

