वरिष्ठ पत्रकार.अमृतसर.चंडीगढ़।
पुलिस के एक बड़े अधिकारी के SPECIAL TASK FORCE (S.T.F) ने दबिश दी। सूत्रों से पता चला है कि उक्त अधिकारी के पाक तस्करों तथा आतंकी गतिविधियों में शामिल बड़े-बड़े गुनहगारों के साथ तार जुड़े रहे है। फिलहाल, इस बात की किसी S.T.F प्रवक्ता या फिर पुलिस के बड़े अधिकारी ने पुष्टि नहीं की। पता चला है कि उक्त अधिकारी इनका (तस्करों तथा आतंकियों) की बैकफुट पर बैठकर उनकी मदद करता रहा हैं।
इसकी शिकायत S.T.F के पास पहुंची तो टीम अमृतसर बुधवार देर सायं पहुंची। सूत्रों से पता चला है कि टीम के हाथ काफी महत्वपूर्ण दस्तावेज हासिल हुए है, जिससे यह बात पुख्ता हो जाती है कि अधिकारी को कानूनी तौर पर कड़ी सजा दिलाने में अहम भूमिका रह सकती है। फिलहाल, यह रेड गोपनीय तरीके से हुई। पुलिस अधिकारी इस बारे कुछ कहने से परहेज कर रहे है। लेकिन, इस बात का दावा भी कर रहे है कि एक डीएसपी रैंक के पुलिस अधिकारी यहां पर S.T.F. रेड हुई।
बता दें कि उक्त पुलिस अधिकारी एसटीएफ, नारकोटिक्स विभाग के अलावा कई महत्वपूर्ण विभाग में काम कर चुका है। फिलहाल, उसे पुलिस विभाग ने दंगा निरोधक टीम में डीएसपी रैंक पर तैनात किया था। विभाग के पुष्ट सूत्रों ने इस बात का भी दावा किया कि उक्त अधिकारी के पाकिस्तान में रहने वाले तस्करों तथा आतंकी गतिविधियों में शामिल लोगों के साथ संबंध है। लिहाजा, इस बात की भनक किसी को नहीं लगने दी। हमेशा तस्करों को भारी बरामदगी सहित गिरफ्तार कर इस बात का दावा करता है कि उसने तस्करों का बहुत बड़ा नेटवर्क तोड़ा है।
कुछ सूत्र, यह बात भी मानते है कि उक्त अधिकारियों को इस पुलिस अधिकारी की गलत गतिविधियों का पता चल गया था। इसलिए कुछ समय पहले उन्हें पुलिस विभाग के सबसे छोटे सेल का डीएसपी बना दिया। दबी जुबान में कुछ अधिकारियों ने बताया कि यह काम होना ही था, उनका संकेत S.T.F रेड की तरफ था। उधर, सूत्रों से यह भी पता चला है कि उक्त अधिकारी मौके से फरार होने में कामयाब रहा। टीम को काफी महत्वपूर्ण सबूत हाथ लगें है जो कि उक्त अधिकारी को सजा दिलाने में अहम भूमिका निभा सकते है।

