वरिष्ठ पत्रकार.राजपुरा/ पटियाला।
पंजाब के राजपुरा में आग लगने से प्रवासी परिवार के 4 लोगों की मौत हो गई। परिवार के सभी लोग रात को सो रहे थे तभी कमरे में शॉर्ट सर्किट होने से आग लग गई और सभी लोग जिंदा जल गए। हादसे में राज मिस्त्री का काम करने वाले जगदीश चौहान (65), उनकी पत्नी राधा देवी (30), साला ललित (18), और बेटा सरवन राम (12) की आग से झुलस कर मौत हो गई।
सूचना के बाद पुलिस टीम घटना स्थल पर पहुंची। कमरे में धुंआ भरा हुआ था और अंदर का मंजर इतना भयावह था कि शव देखने लायक भी नहीं थे। घर का सारा सामान, यहां तक कि खड़ी 2 साइकिलें और मोबाइल भी जलकर राख हो गए थे। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए राजपुरा के सिविल हॉस्पिटल भेजा है।
पुलिस ने बताया कि मृतकों के वारिसों के बयानों के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जा रही। मकान मालिक अरविंदर सिंह ने भी हादसे की वजह शॉर्ट सर्किट बताई है। बिहार से पंजाब रोजी-रोटी की तलाश में आए इस परिवार का अंत इस तरह होना, प्रवासी मजदूरों की संघर्ष भरी जिंदगी पर एक धब्बा है। यह हादसा केवल आग लगने और 4 मौतों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक दर्द और मजबूरी से भरी कहानी भी छिपी है।
धारा 144 के तहत कार्रवाई
पुलिस ने फिलहाल इस मामले में धारा 144 के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है और मृतक के वारिसों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पोस्टमार्टम के बाद शव उनको सौंप दिए जाएंगे। इस हादसे ने एक बार फिर सुरक्षा मानकों और सस्ते किराए के मकानों में रहने वाले मजदूरों की दयनीय स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

